- सवा लाख सरकारी और डेढ़ लाख प्राइवेट नौकरियां।
- 2030 तक राजस्थान को 30 लाख करोड़ की अर्थव्यवस्था।

राजस्थान की वित्त मंत्री दीया कुमारी ने भजनलाल सरकार का दूसरा पूर्ण बजट पेश किया। करीब 138 मिनट के इस बजट भाषण में कई बड़े ऐलान किए गए। बजट का मुख्य फोकस युवाओं, किसानों, महिलाओं और ग्रामीण विकास पर रहा। वित्त मंत्री ने कहा कि सरकार का उद्देश्य राजस्थान को 2030 तक 30 लाख करोड़ की अर्थव्यवस्था बनाना है।
बिजली क्षेत्र में भी बड़े सुधार किए गए हैं। 150 यूनिट तक मुफ्त बिजली देने की घोषणा के तहत लाभार्थियों के घरों पर सोलर प्लेट लगाई जाएंगी। इसके अलावा, 50,000 कृषि और 5 लाख घरेलू बिजली कनेक्शन जारी किए जाएंगे। आगामी वर्ष में 5700 मेगावाट ऊर्जा उत्पादन का लक्ष्य रखा गया है, जिससे राज्य में ऊर्जा क्षेत्र को मजबूती मिलेगी।
युवाओं और रोजगार के लिए बड़े ऐलान
- अगले एक साल में सवा लाख सरकारी भर्तियां होंगी।
- प्राइवेट सेक्टर में डेढ़ लाख नौकरियां दिलाने का लक्ष्य।
- जलदाय विभाग में 1050 नए तकनीकी पदों पर भर्ती होगी।
शिक्षा और अनुसंधान के क्षेत्र में 3000 से अधिक आबादी वाली पंचायतों में अटल ज्ञान केंद्र स्थापित किए जाएंगे। एक नया अंबेडकर संवैधानिक अध्ययन और अनुसंधान संस्थान भी स्थापित किया जाएगा। साथ ही, प्रत्येक विधानसभा क्षेत्र में विधायक जनसुनवाई केंद्र बनाए जाएंगे और सभी विधायकों को एक-एक लैपटॉप दिया जाएगा।
रोजगार के क्षेत्र में युवाओं के लिए 1,25,000 सरकारी पदों पर भर्ती निकाली जाएगी। तकनीकी संविदा कैडर के तहत 1050 नए पद सृजित किए जाएंगे। इसके अतिरिक्त, स्वास्थ्य क्षेत्र में 50 चिकित्सकों और 1500 पैरामेडिकल स्टाफ के पद स्वीकृत किए गए हैं। स्वास्थ्य सुविधाओं को और बेहतर बनाने के लिए 50 करोड़ रुपये की लागत से फिट राजस्थान अभियान शुरू किया जाएगा और 20 ट्रॉमा सेंटर का उन्नयन किया जाएगा।
किसानों और बिजली उपभोक्ताओं को राहत
- 5 लाख नए घरेलू और 5 हजार नए कृषि बिजली कनेक्शन दिए जाएंगे।
- 20 लाख घरों में नल कनेक्शन जोड़े जाएंगे।
- पीएम किसान सम्मान निधि की राशि बढ़ाकर 9,000 रुपये सालाना कर दी गई।
महिलाओं के लिए विशेष सुविधाएं
- पत्नी के साथ संयुक्त नाम से 50 लाख तक की प्रॉपर्टी सस्ती होगी।
- स्टांप ड्यूटी में आधा प्रतिशत की छूट।
- 35 हजार स्कूटी बालिकाओं को बांटी जाएंगी।
महिलाओं की सुरक्षा और सशक्तिकरण के लिए 175 करोड़ रुपये की लागत से 500 पिंक टॉयलेट बनाए जाएंगे। शहरी और ग्रामीण विकास के तहत 2 लाख परिवारों को नए पट्टे दिए जाएंगे, जिनमें 25,000 पट्टे घुमंतू और अर्ध-घुमंतू परिवारों को प्रदान किए जाएंगे। दो लाख मकानों को पेयजल कनेक्शन देने के लिए 400 करोड़ रुपये का प्रावधान किया गया है। इसके अलावा, 60,000 करोड़ रुपये की लागत से 9 ग्रीनफील्ड एक्सप्रेसवे का निर्माण भी किया जाएगा।
21 हजार किलोमीटर लंबी नॉन-पेचेबल सड़कें
6000 करोड़ रुपये की लागत से राज्य में 21,000 किलोमीटर लंबी नॉन-पेचेबल सड़कों का निर्माण किया जाएगा। पहले चरण में प्रत्येक विधानसभा क्षेत्र को 10 करोड़ रुपये और रेगिस्तानी क्षेत्रों को 15 करोड़ रुपये दिए जाएंगे।
परिवहन सुविधाओं को बेहतर बनाने के लिए राजस्थान रोडवेज को 500 नई बसें और शहरी क्षेत्रों के लिए 500 नई सिटी बसें प्रदान की जाएंगी
20 हजार किलोमीटर लंबी सिंचाई पाइपलाइन परियोजना
कृषि क्षेत्र में सुधार के लिए 1250 करोड़ रुपये की लागत से ड्रिप और स्प्रिंकलर सिंचाई प्रणाली लागू की जाएगी। 50,000 नए तालाब बनाए जाएंगे और 20,000 किलोमीटर लंबी सिंचाई पाइपलाइन परियोजना के लिए 900 करोड़ रुपये की सब्सिडी प्रदान की जाएगी। ग्रामीण कनेक्टिविटी को बेहतर बनाने के लिए प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना के तहत 1600 बस्तियों को पक्की सड़कों से जोड़ा जाएगा।