काणदर में लीज क्षेत्र से बाहर अवैध रूप से बजरी खनन का आरोप

काणदर में लीज क्षेत्र से बाहर अवैध रूप से बजरी खनन का आरोप

फर्स्ट राजस्थान @ जालोर
अवैध खनन का कारोबार हमारे क्षेत्र की बेशकीमती प्राकृतिक संपदा को दिन ब दिन निगलता जा रहा है। इस बेलगाम कारोबार के कारण हमारे पर्यावरण का संतुलन भी बिगड़ा है और इसका सीधा असर बारिश, गर्मी, सर्दी, भूमिगत जलस्तर आदि पर देखने को मिलता है। लेकिन बावजूद इन गंभीर समस्याओं के न तो प्रशासन इसे रोकने में कामयाब है और न ही सरकार।

मोटी कमाई और ऊंची राजनीतिक पहुंच के चलते खनन माफियाओं के हौसले बुलंद हैं। ऐसा ही मामला जिले के काणदर गांव का सामने आया है। यहां ग्रामीणों ने आरोप लगाया है कि लीज धारक की ओर से लीज क्षेत्र के बाहर अवैध रूप से बजरी खनन कर नदी को नुकसान पहुंचाया जा रहा है। दरअसल यहाँ के ग्रामीणों ने जिला कलेक्टर जालोर को लीज धारक के विरुद्ध एक ज्ञापन देकर यहाँ हो रहे अवैध बजरी खनन को रोकने और उनके विरुद्ध कार्रवाई की मांग की है। ग्रामीणों ने बताया काणदर में आदर्श नगर सिरोही निवासी योगेश मीणा के नाम से नदी क्षेत्र के खसरा नम्बर 739, 742 व 744 में बजरी खनन की लीज की अनुमति मिली हुई है। लेकिन लीज धारक खनिज लीज की आड़ में उसे आवंटित क्षेत्र के अलावा अन्य जगह पर भी अवैध तरीके से बजरी का खनन किया जा रहा है और नदी में गहरे गड्ढे कर रेती निकाल डंपरों से ले जाई जा रही है। जिस कारण ग्रामीणों में आक्रोश है। ग्रामीणों ने कलेक्टर को ज्ञापन देकर लीज धारक के विरुद्ध लीज नियमों का उल्लंघन करने व अवैध खनन करने के आरोप में कार्रवाई की मांग की है।