
–साइबर सुरक्षा पर फोकस जरूरी: डॉ. उदय जोशी
–बैंकों को चाहिए सेवा, पारदर्शिता और तकनीकी दक्षता: सतीश मराठे
जयपुर, 10 सितंबर 2025। बिड़ला सभागार में आयोजित सहकार भारती एवं सहकारिता विभाग के राष्ट्रीय अधिवेशन (Co-operative Convention 2025) में मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने कहा कि सहकारिता आंदोलन ही राष्ट्र को समृद्धि की दिशा में ले जाने का मार्ग है। उन्होंने स्पष्ट शब्दों में कहा, “परिवर्तन सिर्फ नारों से नहीं, परिश्रम से आता है।”
मुख्यमंत्री ने कांग्रेस पर तीखा हमला करते हुए कहा कि, “सहकारी संस्थाओं को जेबी संस्था बनाकर भ्रष्टाचार का अड्डा बनाने का काम कांग्रेस ने किया। हमने व्यवस्था में पारदर्शिता लाई है, जिससे आम व्यक्ति का जीवन स्तर सुधर रहा है।”
सहकारिता से समृद्धि की ओर: सदस्यता अभियान 2 अक्टूबर से
Co-operative Convention में सीएम भजनलाल शर्मा ने सहकार भारती के सदस्यता एप की लॉन्चिंग करते हुए कहा कि 2 अक्टूबर से पूरे प्रदेश में 15 दिवसीय सदस्यता अभियान शुरू किया जाएगा। उन्होंने यह भी कहा कि सहकारिता अब कांग्रेस की तरह ‘जेबी संस्था’ नहीं रहेगी, बल्कि समाज निर्माण का सशक्त माध्यम बनेगी।
सहकार भारती के राष्ट्रीय अध्यक्ष डॉ. उदय जोशी ने कहा कि कंप्यूटरीकरण और डिजिटलीकरण के साथ साइबर सुरक्षा आज सबसे बड़ी जरूरत बन गई है। उन्होंने अर्बन कोऑपरेटिव बैंकों को सतर्क रहने और ठोस कदम उठाने की सलाह दी।
आरबीआई निदेशक सतीश मराठे ने अर्बन कोऑपरेटिव बैंकों को चेताया कि अगर वे पारदर्शिता, तकनीकी सुधार और सदस्यता विस्तार की दिशा में तेजी से कदम नहीं उठाएंगे तो उनके लिए संकट खड़ा हो सकता है। उन्होंने कहा कि बैंकिंग में “विश्वास, सेवा और पारदर्शिता” ही सफलता की कुंजी है।
राजस्थान सहकारिता विभाग की सफलता: मंत्री गौतम दक का दावा
सहकारिता मंत्री गौतम दक ने बताया कि मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा के नेतृत्व में सहकारिता विभाग ने कई प्रमुख सुधार किए हैं, जिससे राज्य राष्ट्रीय सूचकांकों में अब शीर्ष 5 में आ चुका है। उन्होंने संचालक मंडलों से अपील की कि नए सदस्यों को जोड़कर संस्थाओं को और मजबूत करें।
मुख्यमंत्री ने कहा कि हाल ही में जबरन धर्मांतरण पर रोक लगाने वाला कानून पास कर सरकार ने समाज को तोड़ने वाली ताकतों के मंसूबों को विफल किया है। उन्होंने कांग्रेस पर धर्मांतरण और लव जिहाद को बढ़ावा देने का आरोप भी लगाया।
कार्यक्रम के अंतिम चरण में सहकार भारती के राष्ट्रीय महामंत्री दीपक चौरसिया ने बताया कि ग्रामीण अर्थव्यवस्था में कोऑपरेटिव बैंकिंग का 25% योगदान है, और हम इसे 10% से ऊपर पूरे बैंकिंग सेक्टर में लाने का प्रयास कर रहे हैं।
कार्यक्रम के अंत में राष्ट्रीय महामंत्री दीपक चौरसिया ने धन्यवाद ज्ञापित करते हुए कहा कि ग्रामीण अर्थ तंत्र में कॉ आपरेटिव बैंक का योगदान 25 प्रतिशत और कुल बैंकिंग सेक्टर में 10 फीसदी योगदान हो, इसके लिए हम बैंकों के साथ मिलकर काम कर रहे है। स्वागत भाषण स्वागत समिति के अध्यक्ष कृष्ण कुमार टांक ने किया, कार्यक्रम का संचालन प्रदीप चौबीसा ने किया।
उद्घाटन सत्र में राष्ट्रीय स्वयं सेवक संघ के अखिल भारतीय प्रचार प्रमुख अरुण जैन, सह संपर्क प्रमुख रमेश पप्पा, क्षेत्र प्रचारक निम्बाराम, वरिष्ठ प्रचारक शिव लहरी, मूलचंद सोनी, सहकारिता विभाग की प्रमुख सचिव मंजू राजपाल सहित लब्ध प्रतिष्ठित नागरिक और 21 प्रदेशो के 212 अर्बन बैंकों के 523 प्रतिनिधि सहित 1125 संख्या उद्घाटन सत्र में उपस्थित थे।



