- जयपुर में ट्रैफिक सिपाही अब चालान नहीं काट सकेंगे।
- पुलिस कमिश्नर के निर्देशानुसार चालान काटने का अधिकार केवल इंस्पेक्टर या उससे उच्च अधिकारियों को दिया गया है।

जयपुर में अब ट्रैफिक पुलिस के जवान वाहन चालकों के चालान नहीं काट सकेंगे। पुलिस कमिश्नर बीजू जॉर्ज जोसफ के निर्देशानुसार, ट्रैफिक पुलिस के लगभग 1500 सिपाहियों से चालान बुक वापस ले ली गई हैं। अब चालान काटने का अधिकार केवल इंस्पेक्टर या उससे उच्च पद पर आसीन अधिकारियों को ही रहेगा।
अब ट्रैफिक सिपाहियों की मुख्य जिम्मेदारी यातायात को सुचारू बनाए रखना और जाम की समस्या से निजात दिलाना होगी। पहले 90% चालान ट्रैफिक पुलिस के सिपाही और सब-इंस्पेक्टर काटते थे, लेकिन अब यह अधिकार केवल वरिष्ठ अधिकारियों तक सीमित रहेगा।
आईटीएमएस कैमरों से जारी होंगे चालान
जयपुर के प्रमुख मार्गों जैसे जेएलएन रोड और टोंक रोड पर लगे आईटीएमएस (इंटेलिजेंट ट्रैफिक मैनेजमेंट सिस्टम) कैमरों से चालान जारी होते रहेंगे। यदि कोई वाहन चालक नियम तोड़ता है, तो ट्रैफिक पुलिस कर्मी अपने सर्किल के इंस्पेक्टर को सूचना देकर कार्रवाई सुनिश्चित कराएंगे।
वसूली की शिकायतों पर लगेगी रोक
इस नए फैसले से सड़क पर अनुशासन बेहतर होगा और आम जनता को ट्रैफिक पुलिस की सकारात्मक छवि देखने को मिलेगी। साथ ही, अनुचित सख्ती या अवैध वसूली की शिकायतें भी कम होने की उम्मीद है।
मार्च में होगी नई व्यवस्था की समीक्षा
फिलहाल यह नियम प्रायोगिक आधार पर मार्च महीने के लिए लागू किया गया है। इस दौरान, शहर में यातायात संचालन में लगे 12 टीआई, 4 डिप्टी एसपी, 2 एडिशनल डीसीपी और डीसीपी ही चालान काट सकेंगे।