लालसोट, राजस्थान |
अलीपुरा स्थित भगतावर बाबोसा मंदिर परिसर में सम्राट पृथ्वीराज चौहान की 859वीं जयंती के उपलक्ष्य में युवा शक्ति संयोजन एवं यूनाइटेड ग्लोबल पीस फाउंडेशन (UGPF) के संयुक्त तत्वावधान में एक भव्य समारोह का आयोजन किया गया। इस कार्यक्रम में हजारों क्षत्रिय और क्षत्राणियों ने केसरिया वस्त्रों में भाग लेकर एकता, गौरव और सेवा भावना का परिचय दिया।
इस अवसर पर फाउंडेशन के चेयरमैन श्री मेघराज सिंह रॉयल ने कहा कि “शूरवीरों की प्रेरणा से हम 36 कौमों को साथ लेकर चल सकते हैं।” उन्होंने समाज के जरूरतमंद वर्ग की सेवा के लिए प्रतिबद्धता जताते हुए बताया कि UGPF ने पिछले 6 महीनों में विद्यार्थियों और खिलाड़ियों को 4 करोड़ रुपये से अधिक की सहायता प्रदान की है।
युवा शक्ति संयोजन के प्रमुख और UGPF के निदेशक श्री शक्ति सिंह बांदीकुई ने अपने संबोधन में कहा कि “सम्राट पृथ्वीराज चौहान केवल इतिहास के योद्धा नहीं थे, बल्कि आज के समाज को जोड़ने वाले नेतृत्व और साहस के प्रतीक भी हैं। हमें सामाजिक एकता और आपसी सामंजस्य से आगे बढ़ना होगा।”
कार्यक्रम में लालसोट क्षेत्र की जिला मेरिट में स्थान प्राप्त करने वाली दो छात्राओं को उच्च शिक्षा के लिए सहायता देने की घोषणा भी की गई, जिससे शिक्षा क्षेत्र में बेटियों को प्रोत्साहन मिलेगा।
समारोह में इतिहास से जुड़ी भ्रांतियों और सम्राट पृथ्वीराज चौहान के गौरवशाली अतीत पर भी विचार-विमर्श किया गया। रोहतक विश्वविद्यालय के इतिहास विभाग के प्रोफेसर डॉ. अजितेंद्र सिंह चौहान, इतिहास शुद्धिकरण अभियान के पृथ्वीराज सिंह भांडेडा, एवं कई अन्य विद्वानों ने अपने विचार रखे।
कार्यक्रम की विशेष उपस्थिति रहे 112 वर्षीय संत श्री दिलीप गिरी जी महाराज, जिनके आशीर्वचनों ने समारोह को आध्यात्मिक ऊर्जा से भर दिया।
इस आयोजन में प्रमुख रूप से राजपूत सभा जयपुर के अध्यक्ष राम सिंह चंदलाई, पूर्व न्यायाधीश भगवान सिंह चौहान, राजपूत सभा दौसा अध्यक्ष गोपाल सिंह हामावास, निर्झरना सरपंच प्रद्युम्न सिंह, डीगो सरपंच वीरेंद्र सिंह, सहित अनेक जनप्रतिनिधि, इतिहासकार, सामाजिक कार्यकर्ता और हजारों आमजन मौजूद रहे।
कार्यक्रम का मंच संचालन सुरेंद्र सिंह गुढ़ा और गौरव सिंह अलीपुरा ने किया।
यह आयोजन एक सामाजिक संदेश के साथ संपन्न हुआ कि यदि युवा शक्ति और सेवा भावना एक साथ मिल जाएं, तो समाज में सकारात्मक परिवर्तन संभव है।



